यूनियन बैंक की गुड्डूमल चौराहे की शाखा में कर्मचारियों की कमी और नेटवर्क गायब होने की समस्या से व्यापारी हलकान

आंध्रा बैंक से यूनियन बैंक में बदलने के बाद बढ़ी समस्या, बैंक के पास नही कोई समाधान


गोंडा ब्यूरो।आंध्रा बैंक से यूनियन बैंक में बदलने के बाद गोंडा जनपद में नेटवर्क गायब रहने की समस्याएं आम हो गई। बताते चलें आपको कि केंद्र सरकार की बैंकों की एक करने की योजना के मद्देनजर गोंडा जनपद की आंध्रा बैंक शाखा बदलकर यूनियन बैंक हो गई जिसके बाद पहले तो कई दिनों तक कोई कार्य नहीं हुआ था, उसके बाद रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के द्वारा कोरोना महामारी को देखते हुए यह आदेश जारी कर दिया गया कि बैंक सुबह दस बजे से दो बजे तक खुलेगा जिसमें सिर्फ जमा निकासी से संबंधित काम होंगे तब तक तो बैंक ठीक-ठाक गति पर कार्य करता रहा लेकिन जैसे ही कोरोना महामारी का प्रकोप उत्तर प्रदेश में कम हुआ इसके साथ ही गोंडा जनपद में कोरोना के केसेस लगभग शून्य हो गए, जिसके बाद बैंकों को सामान्य दिनों की तरह कार्य करने की आजादी दे दी गई आंध्रा बैंक की वह शाखा जो यूनियन बैंक में परिवर्तित हुई गुड्डू मल चौराहे पर स्थित है जहां वेतन भोगियों, सरकारी कर्मचारियों से लेकर अधिकतर व्यापारियों के चालू खाते संचालित होते हैं। इस बैंक में बीते महीनों में आलम यह है कि यहां पर कर्मचारियों का अकाल पड़ा हुआ है दूसरी सबसे भीषण परिस्थिति यह है कि यहां पर आए दिन नेटवर्क बाधित रहता है जिसके वजह से लोग बैंक तो आते हैं लेकिन मायूस होकर घर चले जाते हैं। उन्हें बैंक के बाहर एक बोर्ड लगा हुआ मिलता जिस पर लिखा होता है कि नेटवर्क बाधित होने की वजह से आज कार्य संभव नहीं हो पाएगा। इस बारे में जब बैंक मैनेजर से संपर्क कर बात की गई तो पता चला कि उनके यहां कर्मचारियों की बातों में कमी है और नेटवर्क की समस्या आए दिन बनी रहती है जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है हालांकि उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि मैं उसको समझाने के लिए पूरी तरह से तत्पर है और जल्द ही इस समस्या को सुलझा लिया जाएगा।