नहीं रहे भारतीय मांटेसरी स्कूल के संस्थापक राम प्रकाश उर्फ़ भैया जी,शिक्षा जगत में शोक की लहर
सैकड़ों विद्यार्थियों को एसपी और डीएम के पद तक पहुंचाया
गोंडा। भारतीय मांटेसरी स्कूल के संस्थापक और शिक्षा जगत में जाने-माने अध्यापक के तौर पर अपनी अलग पहचान बनाने वाले रामप्रकाश ऊर्फ भैया जी का आज दोपहर जिला अस्पताल में निधन हो गया। उनके निधन के समाचार से पूरे शिक्षा जगत में शोक की लहर दौड़ गई हालांकि यह चर्चा आम थी कि उनको भी कोरोना का संक्रमण हुआ है लेकिन उनके परिवार वालों ने इस बात का खंडन किया बीते दिनों वह अपने किसी रिश्तेदार के यहां किसी समारोह में गए थे वहां से लौटने के बाद उनके फेफड़ों में कुछ इंफेक्शन हो गया था कई डॉक्टरों को दिखाने के बाद जब सफलता नहीं मिली और उनको सांस लेने में परेशानी होने लगी तो कल उनको गोंडा जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था जहां आज दोपहर उन्होंने अंतिम सांस ली भारतीय मांटेसरी स्कूल उन चंद स्कूलों में से एक है जिसकी स्थापना उस समय हुई थी जब जनपद में गिने-चुने स्कूल हुआ करते थे रामप्रकाश उर्फ़ भैया जी का अध्यापक के रूप में और फिर एक स्कूल के संस्थापक के रूप में अच्छा खासा नाम था उनके पढ़ाए हुए विद्यार्थियों में सैकड़ों विद्यार्थी इस समय एसपी और डीएम के पद पर न सिर्फ उत्तर प्रदेश बल्कि राज्य से बाहर भी देश में कहीं ना कहीं तैनात हैं अचानक उनके निधन के समाचार से सभी लोग स्तब्ध रह गए परिवारीजनों का रो रो कर बुरा हाल है उन पर तो मानो दुखों का पहाड़ ही टूट पड़ा है। इनोवेटिव ग्रुप ऑफ एजुकेशन के संस्थापक ने भैया जी के निधन पर कहा कि उनका इतना जल्दी इस दुनिया से जाना शिक्षा जगत के लिए अपूरणीय क्षति है।